
मित्तल मेंशन
अंगद अपनी बड़ी-बड़ी आंखों से स्नेहा को देख रहा था, जो उसके सीने से लगकर सोई हुई थी और ऐसा नहीं था कि सिर्फ स्नेहा उसके सीने से लगकर सोई हुई थी, उसने भी स्नेहा को कसकर अपनी बाहों में जकड़ा हुआ था और अभी-अभी उसने स्नेहा को संगम समझ कर उसके सिर पर किस भी कर दिया था।























Write a comment ...